रांची के अरगोड़ा थाना क्षेत्र में डॉक्टर से पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान 46 वर्षीय दीपक कुमार दास के रूप में हुई है। मामला अशोक नगर रोड नंबर चार निवासी 68 वर्षीय डॉ. दुर्गा चरण सिन्हा से जुड़ा है। डॉक्टर ने पुलिस को बताया था कि 29 जुलाई से उन्हें लगातार एक मोबाइल नंबर से धमकी भरे कॉल आ रहे थे। कॉल के जरिए उनसे पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी जा रही थी। रंगदारी नहीं देने पर उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। लगातार धमकियां मिलने के बाद डॉक्टर ने अरगोड़ा थाना में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने मोबाइल नंबर से जुड़े व्यक्ति की जानकारी जुटाई। पुलिस की जांच में दीपक कुमार दास का नाम सामने आया।
मोबाइल नंबर के उपयोगकर्ता की पहचान होने के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की। जांच में पुलिस को उसके आईटीआई रोड बस स्टैंड के पास किराए के मकान में रहने की जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने वहां छापेमारी की। छापेमारी के दौरान दीपक कुमार दास को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी के पास से रंगदारी मांगने में इस्तेमाल किया गया सिम कार्ड भी बरामद किया है। आरोपी मूल रूप से लोहरदगा के न्यू बस स्टैंड साइडिंग इलाके का रहने वाला बताया गया है। वर्तमान में वह सुखदेवनगर थाना क्षेत्र में रह रहा था। पुलिस बरामद सिम कार्ड और मोबाइल नंबर से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है। आरोपी से पूछताछ के जरिए मामले की पूरी जानकारी जुटाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि डॉक्टर को धमकी देने के पीछे आरोपी का क्या मकसद था। मामले में आगे की जांच जारी है।
गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई पुलिस की ओर से की जा रही है। पुलिस मामले में सामने आए सभी तथ्यों की जांच कर रही है। धमकी देने के लिए इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस घटना में कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं। आरोपी की गिरफ्तारी को मामले में पुलिस की महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम ने तकनीकी जांच का भी सहारा लिया। छापेमारी टीम में वरीय पुलिस उपाधीक्षक हटिया शामिल थे। अरगोड़ा थाना प्रभारी सतीश कुमार गोराई भी टीम का हिस्सा थे। पुलिस अवर निरीक्षक सत्यम कुमार ने भी कार्रवाई में सहयोग किया। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल आरोपी को न्यायालय में प्रस्तुत करने की प्रक्रिया चल रही है।



