झारखंड में अचानक मौसम बदलने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। पिछले चौबीस घंटों में कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। हल्की और मध्यम स्तर की वर्षा ने तापमान में गिरावट लाई। कई जगहों पर गरज के साथ तेज बौछारें पड़ीं। राजधानी रांची में भी ओलावृष्टि देखने को मिली। इससे यातायात प्रभावित हुआ। ग्रामीण इलाकों में खेतों को नुकसान पहुंचा है। तेज हवाओं से पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आईं। कई जगह बिजली बाधित हुई। आम जनजीवन पर इसका असर साफ देखा गया।
इस दौरान वज्रपात की घटनाएं सबसे ज्यादा खतरनाक साबित हुईं। तीन लोगों की मौत की पुष्टि की गई है। प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को सहायता देने की बात कही है। कई क्षेत्रों में बिजली गिरने की घटनाएं दर्ज हुईं। लोगों को घरों में रहने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। अधिकारियों को तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं। आपदा प्रबंधन टीमों को सक्रिय कर दिया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाई जा रही है। हर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
बारिश के आंकड़े राज्य में अलग-अलग क्षेत्रों की स्थिति बताते हैं। गोड्डा में सबसे ज्यादा 32.2 मिमी वर्षा हुई है। गिरिडीह और मोहनपुर में भी अच्छी बारिश दर्ज की गई। बोकारो और मुसाबनी में भी बारिश का असर दिखा। धालभूमगढ़ में 20.8 मिमी वर्षा हुई है। रामगढ़ और हजारीबाग में मध्यम बारिश दर्ज हुई। नवाडीह और तेनुघाट में भी वर्षा हुई है। मौसम विभाग ने आगे भी बारिश की संभावना जताई है। लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है। प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है।


