रांची नगर निगम ने बारिश के मौसम को देखते हुए विशेष अभियान शुरू किया है। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में नालों की सफाई का कार्य चल रहा है। जलजमाव की समस्या वाले इलाकों को चिन्हित कर प्राथमिकता दी जा रही है। निगम की टीमें लगातार मैदान में काम कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि बारिश के दौरान नागरिकों को राहत देना प्राथमिक उद्देश्य है। इसके लिए नालों और जल निकासी मार्गों की सफाई की जा रही है। कई वार्डों से जल निकासी संबंधी शिकायतें भी प्राप्त हुई हैं। निगम प्रशासन इन शिकायतों पर कार्रवाई करने का दावा कर रहा है। मानसून के दौरान संभावित समस्याओं को कम करने की कोशिश की जा रही है। नागरिकों से भी सहयोग की अपील की गई है।
वार्ड प्रतिनिधियों ने शहर के कुछ इलाकों की स्थिति पर चिंता जताई है। उनके अनुसार न्यूक्लियस मॉल से रतन टॉकिज तक कई नाले जाम पड़े हुए हैं। यहां जल निकासी व्यवस्था अपेक्षित रूप से कार्य नहीं कर रही है। नालों की ऊंचाई और संरचना के कारण पानी का प्रवाह बाधित हो जाता है। बारिश के समय स्थिति और गंभीर हो जाती है। पानी सड़कों पर जमा होकर यातायात को प्रभावित करता है। कर्बला चौक और नाजीर लाइन जैसे क्षेत्रों में यह समस्या अधिक देखी जाती है। बलदेव सहाय रोड पर भी जलभराव की शिकायतें सामने आती रही हैं। स्थानीय लोगों ने त्वरित समाधान की मांग की है। पार्षदों का कहना है कि स्थायी व्यवस्था जरूरी है।
वार्ड 5 में भी नालियों की स्थिति को लेकर सवाल उठाए गए हैं। पार्षद अवधेश बैठा ने बताया कि कई नालियों पर अभी तक स्लैब नहीं लगाए गए हैं। खुली नालियां लोगों के लिए जोखिम पैदा कर रही हैं। नियमित सफाई नहीं होने से गंदगी जमा हो रही है। इससे जल निकासी की क्षमता प्रभावित होती है। नागरिकों को दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। अमित मुंडा ने पुरानी नालियों की मरम्मत और सफाई की मांग की है। उन्होंने नए स्लैब लगाने की आवश्यकता पर जोर दिया है। स्थानीय लोगों का मानना है कि समय पर कार्रवाई जरूरी है। बेहतर जल निकासी व्यवस्था से बारिश के मौसम में लोगों को राहत मिल सकती है।



