इनमें असिस्टेंट एग्जामिनेशन कंट्रोलर श्वेता गुप्ता भी शामिल हैं। सीआईडी की टीम उनसे विस्तृत पूछताछ कर रही है। कार्रवाई के बाद प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ गई है। जांच एजेंसी पूरे मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। संबंधित दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों से आवश्यक जानकारी जुटाई जा रही है। मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है।
बताया गया है कि श्वेता गुप्ता का तबादला 22 मई को खाद्य आपूर्ति विभाग में कर दिया गया था। इसके बाद भी उन्होंने दोबारा जेपीएससी में कार्यभार संभाल लिया। इसी विषय को लेकर भी जांच जारी है। आरोप है कि आयोग में कई कर्मचारियों को कोई महत्वपूर्ण दायित्व नहीं दिया गया। परीक्षा से जुड़े कई अहम काम केवल श्वेता गुप्ता के पास थे। जांच एजेंसी इस व्यवस्था के पीछे के कारणों की जानकारी जुटा रही है। विभागीय फाइलों की भी जांच की जा रही है। रिकॉर्ड का मिलान किया जा रहा है। पूछताछ में कई बिंदुओं पर सवाल पूछे जा रहे हैं। जांच का दायरा लगातार बढ़ रहा है।
हालांकि सीआईडी ने अभी तक हिरासत की वजह सार्वजनिक नहीं की है। किसी विशेष मामले की आधिकारिक पुष्टि भी नहीं हुई है। जांच पूरी होने के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकती है। संबंधित अधिकारियों से लगातार पूछताछ जारी है। दस्तावेजों का परीक्षण भी किया जा रहा है। जांच एजेंसी सभी तथ्यों का सत्यापन कर रही है। मामले में आगे और कार्रवाई की संभावना बनी हुई है। पूरे घटनाक्रम पर प्रशासन की नजर है। फिलहाल सभी पक्षों से जानकारी एकत्र की जा रही है। आधिकारिक बयान आने का इंतजार किया जा रहा है।



