पीड़िता की मौत हो गई है, और पुलिस ने उसके ससुराल वालों के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। यह घटना एक बार फिर समाज में दहेज प्रथा और घरेलू हिंसा के गहरे घातक स्वरूप को उजागर करती है।
पुलिस के अनुसार, पीड़िता के भाई ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उसकी बहन को शादी के बाद से ही दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था। यह उत्पीड़न तब और बढ़ गया जब उसने हाल ही में एक बेटी को जन्म दिया। पीड़िता के ससुराल वाले दहेज की अतिरिक्त मांगें पूरी न होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से कष्ट दे रहे थे। प्रारंभिक जांच के आधार पर पुलिस ने पीड़िता के पति और ससुराल के अन्य सदस्यों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
इस जघन्य अपराध के बाद सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस की कई टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। इस घटना ने स्थानीय लोगों और महिला संगठनों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है, और वे दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस अधिकारियों ने जल्द ही आरोपियों को पकड़ने और न्याय सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया है। दहेज हत्या का यह मामला कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से आगे बढ़ेगा, लेकिन यह सामाजिक कलंक फिर से याद दिलाता है।



