भोपाल, मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश के नक्सल प्रभावित जिले बालाघाट में पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। क्षेत्र की एक शीर्ष महिला नक्सली ने सुरक्षा बलों के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। राज्य के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस घटना को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा नक्सलियों को दी गई कड़ी चेतावनी का परिणाम बताया है। यह आत्मसमर्पण राज्य में नक्सल विरोधी अभियान की सफलता का एक महत्वपूर्ण संकेतक है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस अवसर पर कहा कि पिछले 10 महीनों के दौरान राज्य में 1.46 करोड़ रुपये का संचयी इनाम (Cumulative Reward) रखने वाले कई हार्डकोर नक्सलियों को सुरक्षा बलों द्वारा मार गिराया (Eliminated) गया है। उन्होंने दोहराया कि सरकार बातचीत और विकास के रास्ते पर लौटने वाले नक्सलियों का स्वागत करेगी, लेकिन हिंसा करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। महिला नक्सली का आत्मसमर्पण नक्सल आंदोलन की अंदरूनी कमजोरी और सरकारी नीतियों की प्रभावशीलता को दर्शाता है।
पुलिस महानिदेशक (DGP) ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाली महिला नक्सली पर भी बड़ा इनाम घोषित था और वह कई जघन्य अपराधों में शामिल थी। उसे राज्य की आत्मसमर्पण नीति के तहत सभी लाभ दिए जाएँगे, जिसमें आर्थिक सहायता और पुनर्वास शामिल है। यह कदम अन्य भटक चुके नक्सलियों को मुख्यधारा में लौटने के लिए प्रेरित करेगा। सरकार और सुरक्षा बल मिलकर राज्य को नक्सल मुक्त बनाने के लिए रणनीतिक और विकास-उन्मुख प्रयास जारी रखे हुए हैं।



