रांची : श्रावणी मेला को लेकर रेलवे ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अतिरिक्त ट्रेनों के संचालन की घोषणा की है। देवघर और बासुकीनाथ धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पूर्व रेलवे ने यह फैसला लिया है। विशेष ट्रेनें अगस्त महीने की छह तारीखों पर अलग-अलग मार्गों पर चलेंगी। इनका परिचालन 10, 11, 17, 18, 24 और 25 अगस्त 2026 को होगा। रेलवे के इस कदम से कांवड़ियों को यात्रा में अतिरिक्त सुविधा मिलेगी। बासुकीनाथ-पटना के बीच ट्रेन संख्या 03563 का परिचालन किया जाएगा। यह ट्रेन बासुकीनाथ से 10, 17 और 24 अगस्त को शाम 4:45 बजे खुलेगी। अगले दिन रात 1 बजे ट्रेन पटना पहुंचेगी। वापसी में ट्रेन संख्या 03564 पटना से 11, 18 और 25 अगस्त को रात 1:20 बजे रवाना होगी। सुबह करीब 9 बजे यह ट्रेन बासुकीनाथ पहुंचेगी।
बासुकीनाथ और पटना के बीच दूसरी स्पेशल ट्रेन संख्या 03565 भी चलाई जाएगी। यह ट्रेन बासुकीनाथ से 11, 18 और 25 अगस्त को सुबह 10:30 बजे चलेगी। रात 8 बजे ट्रेन पटना पहुंचेगी। इस ट्रेन का ठहराव घोरमारा, मोहनपुर, जसीडीह और सिमुलतला स्टेशन पर निर्धारित किया गया है। पटना-जसीडीह के बीच ट्रेन संख्या 03566 भी विशेष सेवा के रूप में चलेगी। यह ट्रेन पटना से 11, 18 और 25 अगस्त को रात 8:25 बजे रवाना होगी। अगले दिन सुबह 2:50 बजे जसीडीह पहुंचेगी। इस ट्रेन का ठहराव सिमुलतला स्टेशन पर होगा। रेलवे ने मधुपुर-नरकटियागंज के बीच भी विशेष ट्रेन चलाने की व्यवस्था की है। ट्रेन संख्या 03567 मधुपुर से 11, 18 और 25 अगस्त को रात 1 बजे चलेगी। दोपहर 12:25 बजे यह ट्रेन नरकटियागंज पहुंचेगी।
वापसी सेवा में ट्रेन संख्या 03568 नरकटियागंज से 11, 18 और 25 अगस्त को दोपहर 1:25 बजे चलेगी। यह ट्रेन अगले दिन सुबह 2:15 बजे मधुपुर पहुंचेगी। इस ट्रेन का दोनों दिशाओं में जसीडीह और सिमुलतला स्टेशन पर ठहराव होगा। श्रावणी मेला में देवघर और बासुकीनाथ जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या हर साल काफी बढ़ जाती है। बड़ी संख्या में कांवड़िए रेल मार्ग से बाबा धाम पहुंचते हैं। इससे नियमित ट्रेनों में यात्रियों का दबाव बढ़ जाता है। अतिरिक्त ट्रेनों के संचालन से इस दबाव को कम करने में मदद मिलेगी। श्रद्धालुओं को अपनी यात्रा के लिए अधिक विकल्प मिलेंगे। रेलवे की विशेष व्यवस्था से मेला अवधि में यात्रियों की आवाजाही सुगम होने की उम्मीद है। पूर्व रेलवे के इस फैसले से झारखंड और बिहार के बीच यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं को भी लाभ मिलेगा। मेला के दौरान इन ट्रेनों का परिचालन यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण सुविधा साबित हो सकता है।



