रांची : पटना–रांची जनशताब्दी एक्सप्रेस पिछले कई दिनों से निर्धारित समय से काफी देर से चल रही है। रेलवे सूत्रों के मुताबिक देरी के पीछे मुख्य कारण रेक चक्र का बिगड़ना है। इस रेक का उपयोग रांची, पटना और हावड़ा मार्ग में लगातार होता है। किसी एक मार्ग में देरी होने पर पूरी प्रक्रिया बाधित हो जाती है। यात्रियों ने बताया कि कई बार सुबह की योजनाएँ ट्रेन देरी की वजह से बिगड़ जाती हैं। रेलवे ने माना है कि समस्या गंभीर है।
हावड़ा–पटना खंड में रुक-रुक कर देरी होने से स्थिति और बिगड़ जाती है। यहां होने वाली देरी अगले दिन पटना–रांची जनशताब्दी पर असर डालती है। कई यात्रियों ने शिकायत की है कि उन्हें ठंड में प्लेटफॉर्म पर कई घंटे इंतजार करना पड़ता है। बुजुर्ग और बच्चे इससे अधिक प्रभावित होते हैं। इसके अलावा व्यवसायियों ने भी कहा कि समय की बर्बादी से उनके काम प्रभावित होते हैं। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि वैकल्पिक रेक की कमी चुनौती बन रही है।
यात्री संगठन ने इस मामले पर रेलवे से त्वरित समाधान की मांग की है। लोगों का कहना है कि समयबद्ध ट्रेन संचालन रेलवे की जिम्मेदारी है। यदि रेक प्रबंधन ठीक हो जाए तो देरी काफी हद तक कम हो सकती है। रेलवे ने भरोसा दिया है कि जल्द रेक चक्र पर पुनर्विचार किया जाएगा। ट्रेन की नियमित देरी से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। कई यात्रियों ने दैनिक यात्रा कठिन हो जाने की बात कही है। सभी का आग्रह है कि स्थिति जल्द सामान्य की जाए। यात्री उम्मीद कर रहे हैं कि भविष्य में ऐसे हालात न बनें।


