उत्तर प्रदेश में नेपाल सीमा के 10 किलोमीटर के दायरे में बड़े पैमाने पर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया जा रहा है।
इस कार्रवाई के तहत अवैध धार्मिक संरचनाओं के खिलाफ भी कदम उठाए जा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि सीमा सुरक्षा को मजबूत करने और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह अभियान आवश्यक है।
अधिकारियों के अनुसार, इस क्षेत्र में कई स्थानों पर अवैध रूप से धार्मिक और शैक्षणिक संस्थाएं संचालित हो रही थीं, जो सुरक्षा के लिहाज से चिंता का विषय थीं। इसके अतिरिक्त, सरकारी और निजी जमीनों पर भी बड़े पैमाने पर अतिक्रमण किया गया था, जिससे आम लोगों को असुविधा हो रही थी। प्रशासन ने पहले ही इन अवैध निर्माणों और अतिक्रमणों को हटाने के लिए नोटिस जारी किया था, जिसके बाद अब यह कार्रवाई शुरू की गई है।
इस अभियान के तहत, बुलडोजरों और अन्य भारी मशीनों की मदद से अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया जा रहा है और अतिक्रमण को हटाया जा रहा है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य में नेपाल सीमा के 10 किलोमीटर के दायरे में किसी भी प्रकार के अवैध अतिक्रमण, धार्मिक या शैक्षणिक संस्थानों के अवैध संचालन की अनुमति नहीं दी जाएगी। इस कार्रवाई से सीमावर्ती क्षेत्रों में कानून का शासन स्थापित करने और सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने में मदद मिलेगी।



