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लालू प्रसाद से जुड़े चारा घोटाले पर सुनवाई.

सीबीआई को दस्तावेज जुटाने का मिला समय.

रांची : झारखंड हाईकोर्ट में चारा घोटाला के आरसी 20/1996 मामले की सुनवाई हुई। मामले में राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव सहित अन्य सजायाफ्ता आरोपियों से जुड़ी 53 याचिकाएं दाखिल हैं। न्यायमूर्ति एसके द्विवेदी की अदालत में इन याचिकाओं पर सुनवाई की गई। सुनवाई के दौरान सीबीआई ने अदालत से अतिरिक्त समय मांगा। सीबीआई ने बताया कि मामले से संबंधित जरूरी दस्तावेज उसके पास उपलब्ध नहीं हैं। दस्तावेज नहीं होने के कारण मामले की आगे की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। इसके बाद अदालत ने सीबीआई को दस्तावेज हासिल करने के लिए आठ सप्ताह का समय दिया। कोर्ट ने सीबीआई को रजिस्ट्री से सभी संबंधित दस्तावेज प्राप्त करने का निर्देश दिया। अदालत ने कहा कि दस्तावेज हासिल करने के बाद मामले की सुनवाई आगे बढ़ाई जाएगी। सीबीआई को निर्धारित अवधि में दस्तावेज उपलब्ध कराने होंगे। इस आदेश के बाद मामले में अगली कार्रवाई दस्तावेज मिलने पर निर्भर करेगी। चारा घोटाला से जुड़े इस मामले में लंबे समय से न्यायिक प्रक्रिया चल रही है।

मामले में लालू प्रसाद यादव समेत कुल 53 याचिकाएं दाखिल की गई हैं। याचिकाकर्ताओं में संजय सिन्हा का नाम भी शामिल है। डॉक्टर कृष्ण मोहन प्रसाद और महिंदर सिंह बेदी भी इस सूची में हैं। सुनील गांधी और डॉक्टर गौरी शंकर प्रसाद ने भी याचिका दाखिल की है। डॉक्टर बृज नारायण शर्मा और अजय कुमार सिन्हा की याचिकाएं भी मामले में शामिल हैं। विजय कुमार मल्लिक और सत्येंद्र कुमार मेहरा ने भी हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है। रविंद्र कुमार मेहरा और रवि कुमार सिन्हा भी याचिकाकर्ताओं में शामिल हैं। राजन मेहता और विद्यासागर निषाद के नाम भी इस मामले से जुड़े हैं। सुशील कुमार और डॉक्टर गया प्रसाद त्रिपाठी समेत अन्य लोगों ने भी अदालत का दरवाजा खटखटाया है। सभी याचिकाओं पर मामले के अनुसार सुनवाई की जा रही है। सुनवाई के दौरान सीबीआई ने दस्तावेजों की कमी की जानकारी अदालत को दी। इसके बाद अदालत ने दस्तावेज हासिल करने के लिए समय देने का फैसला किया।

हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार सीबीआई को आठ सप्ताह के भीतर दस्तावेज जुटाने होंगे। सीबीआई को रजिस्ट्री से मामले के सभी जरूरी दस्तावेज प्राप्त करने होंगे। दस्तावेज मिलने के बाद अदालत में आगे की सुनवाई की जाएगी। फिलहाल अदालत ने सीबीआई को दस्तावेज जुटाने की जिम्मेदारी दी है। इस प्रक्रिया के पूरा होने के बाद याचिकाओं पर आगे सुनवाई होगी। चारा घोटाला के आरसी 20/1996 मामले में कई आरोपी अलग-अलग कानूनी राहत की मांग कर रहे हैं। लालू प्रसाद यादव से जुड़ी याचिका भी इसी मामले का हिस्सा है। अदालत के ताजा आदेश से सीबीआई को अपनी तैयारी पूरी करने का अवसर मिला है। अब आठ सप्ताह के भीतर दस्तावेज अदालत के समक्ष उपलब्ध कराने होंगे। इसके बाद मामले की सुनवाई किस दिशा में आगे बढ़ेगी, यह अदालत के अगले आदेश से स्पष्ट होगा। फिलहाल हाईकोर्ट ने दस्तावेज उपलब्ध कराने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का निर्देश दिया है।

 

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