इस आरोप पर सफाई देते हुए विमानन मंत्री ने कहा है कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा उद्घाटन किए गए भवन अलग थे।
उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि गिरी हुई छत किस भवन का हिस्सा थी। उन्होंने कहा कि हवाई अड्डे के रखरखाव में लापरवाही के चलते यह हादसा हुआ है, इसकी जांच की जा रही है।
हालांकि, विपक्ष के इस आरोप ने मामले को एक नया मोड़ दे दिया है। हादसे की जांच के साथ-साथ अब यह भी पता लगाया जाएगा कि गिरी हुई छत किस भवन का हिस्सा थी और क्या वाकई उसके रखरखाव में लापरवाही बरती गई थी।
इस घटना में गंभीर रूप से घायल हुए एक व्यक्ति की बाद में मौत हो गई। वहीं छह अन्य घायल हो गए। भारी बारिश और तेज हवाओं के चलते यह हादसा हुआ था।



