इस अनोखे अनुभव के माध्यम से उन्हें जिला प्रशासन के कामकाज का करीब से अध्ययन करने का अवसर मिला।
मुख्यमंत्री सरमा का मानना है कि इस तरह के अनुभव युवाओं को सिविल सेवा के प्रति प्रेरित करते हैं और उन्हें प्रशासनिक कार्यों की बेहतर समझ देते हैं। उन्होंने कहा कि यह पहल युवाओं को सशक्त बनाने और उन्हें देश सेवा के लिए प्रेरित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इस शिक्षक ने दिन भर जिला मजिस्ट्रेट के रूप में विभिन्न बैठकों में भाग लिया, अधिकारियों के साथ चर्चा की और जिला के विकास कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने इस अनुभव को बेहद रोमांचक बताया और कहा कि इसने उन्हें सिविल सेवा के प्रति और अधिक समर्पित किया है।
मुख्य बिंदु:
- असम के एक शिक्षक को एक दिन के लिए जिला मजिस्ट्रेट बनाया गया।
- इसका उद्देश्य युवाओं को प्रशासनिक कार्यों की समझ देना है।
- शिक्षक ने दिन भर जिला मजिस्ट्रेट के रूप में काम किया।



