नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की हवा की गुणवत्ता बिगड़कर ‘बहुत खराब’ श्रेणी में चली गई है, क्योंकि शहर का न्यूनतम तापमान गिरकर 15.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है। ठंड के आगमन के साथ ही प्रदूषण का स्तर चिंताजनक रूप से बढ़ रहा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) खतरनाक स्तर पर है।
प्रदूषण के उच्च स्तर से निपटने के लिए प्रशासन ने तत्काल कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। लोधी रोड सहित कई प्रमुख सड़कों पर ट्रक-माउंटेड वॉटर स्प्रिंकलर (पानी छिड़कने वाले ट्रक) तैनात किए गए हैं। इन वाहनों का उपयोग हवा में मौजूद बारीक कणों (पर्टिकुलेट मैटर) को कम करने और धूल को दबाने के लिए किया जा रहा है।
तापमान में गिरावट और हवा की गति में कमी के कारण प्रदूषक तत्व जमीन के करीब जमा हो रहे हैं, जिससे धुंध और प्रदूषण बढ़ रहा है। विशेषज्ञों ने बुजुर्गों और बच्चों सहित संवेदनशील समूहों को आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है। स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर ग्रैप (GRAP) के अगले चरण के उपाय लागू किए जाएंगे।


